अनुभवसूत्रम श्रीमायीदेवकृतम

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प्रस्तुत अनुभवसूत्र ग्रन्थ में श्री मायीदेव ने षटस्थलीसिद्धांत का बहुत सुन्दर विवेचन किया है. श्रद्धा, निष्ठा , अवधान, अनुभव, आनंद